|
हिंदी विज्ञप्तियां
| तिथि |
|
माह |
|
वर्ष |
|
- राष्ट्रपति सचिवालय
- चीन के प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति से मुलाकात की
- इस्पात मंत्रालय
-
इस्पात मंत्री ने स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया के प्रदर्शन और आधुनिकीकरण तथा विस्तार की समीक्षा की
- कार्मिक मंत्रालय, लोक शिकायत और पेंशन
- नियुक्ति समिति द्वारा नियुक्तियां
- कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय
- प्रतिस्पर्धा के विनियामक के रूप में तथा प्रतिस्पर्धी प्रक्रिया में एक भागीदार के रूप में प्रतिस्पर्धा आयोग को महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है-वित्त मंत्री पी. चिदंबरम
- गृह मंत्रालय
-
आतंकवाद विरोधी दिवस मनाया गया
- चुनाव आयोग
-
2- मंडी संसदीय चुनाव क्षेत्र (हिमाचल प्रदेश) से आकस्मिक रिक्ति भरने के लिए उपचुनाव की अनुसूची- प्रेस नोट से संबंधित
- पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय
- अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में भारतीय बास्केट के लिए कच्चे तेल की कीमत 20.05.2013 को बढ़कर 102.50 अमरीकी डॉलर प्रति बैरल हुई
- पर्यावरण एवं वन मंत्रालय
- सामुदायिक वन संसाधनों का विकास
- योजना आयोग
- योजना और संसदीय कार्य राज्य मंत्री ने आतंकवाद के विरोध में शपथ दिलाई
- रक्षा मंत्रालय
-
समुद्र की निगरानी करने वाला जहाज वैभव का जलावतरण
-
वनस्पति आनुवांशिक संसाधन संरक्षण के लिए किसान और कृषि समुदाय होंगे सम्मानित
- वित्त मंत्रालय
-
रक्षा सचिव शशि कांत शर्मा को भारत का नया
नियंत्रक और महालेखा परीक्षक नियुक्त किया गया
-
भारतीय अर्थव्यवस्था की बेहतरी के लिए विद हॉल्डिंग टैक्स
को बनाया गया तर्क संगत
- सरकार द्वारा सभी करदाताओं से चालू वित्त वर्ष में अपनी वास्तविक आय की घोषणा और उचित कर के भुगतान का आग्रह
- विद्युत मंत्रालय
- राष्ट्रीय ताप बिजली निगम की संवहनीयता रिपोर्ट जारी
- विदेश मंत्रालय
- भारत और चीन के बीच व्यापार घाटा
कम करने के लिए समझौते
- स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय
- जेनेवा में भारत-स्विट्जरलैंड द्विपक्षीय बैठक आयोजित
- भारत ने विश्व स्वास्थ्य संगठन को 50 हजार अमरीकी
डॉलर की अतिरिक्त राशि देने की घोषणा की
|
  |
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय07-अगस्त, 2012 17:22 IST
उद्योग विभाग में हिंदी पत्राचार में उल्लेखनीय प्रगति ज्योतिरादित्या सिंधिया की अध्यक्षता में हिंदी सलाहकार समिति की बैठक
|
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय, औद्योगिक नीति एवं संवर्धन विभाग की उच्चस्तरीय हिंदी सलाहकार समिति की माननीय वाणिज्य एवं उद्योग राज्यमंत्री श्री ज्योतिरादित्य मा. सिंधिया की अध्यक्षता में 3.08.2012 को बैठक हुई, जिसमें सर्वश्री अशोक अर्गल, डॉ. राम प्रकाश एवं श्रीमति सुष्मिता बाउरी, संसद सदस्यों सहित प्रसिद्ध कवि एवं समालोचक तथा केंद्रीय हिंदी संस्थान के उपाध्यक्ष श्री अशोक चक्रधर, नागरी प्रचारिणी सभा के प्रधानमंत्री डॉ. पद्माकर पाण्डे, डॉ. केशव पांडे, श्री कृष्ण मोहन सिंह, श्री बृजेश पाण्डेय, श्री अरूण उपाध्याय आदि प्रतिष्ठित पत्रकारों एवं शिक्षाविदों ने भाग लिया। बैठक में औद्योगिक नीति एवं संवर्धन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ इसके अंतर्गत विभिन्न अधीनस्थ कार्यालयों/स्वायत्त निकायों/संगठनों आदि के प्रमुख भी उपस्थित थे।
सर्वप्रथम माननीय वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री ने समिति को विभाग में राजभाषा हिंदी के प्रगामी प्रयोग को बढ़ाने के बारे में पिछली बैठक के बाद से प्राप्त की गई प्रगति के बारे में अवगत कराया। तत्पश्चात, विभाग में राजभाषा प्रभारी श्रीमति शुभ्रा सिंह, संयुक्त सचिव ने इस दिशा में विभाग की महत्वपूर्ण गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने समिति को बताया कि विभाग द्वारा हिंदी पत्राचार, वेबसाइट के द्विभाषीकरण, राजभाषा अधिनियम एवं नियमों के अनुपालन आदि के मामले में उल्लेखनीय प्रगति की गई हैा उन्होंने उल्लेख किया कि विभाग का पत्राचार 'क', 'ख' तथा 'ग' क्षेत्र के साथ पूर्व में क्रमश: 59%, 47% तथा 29% से बढ़कर क्रमश: 65%, 65% तथा 34% हो गया है। विभाग की वेबसाइट भी लगभग द्विभाषी हो गई है, हिंदी पुस्तकों की खरीद के लिए भी राशि बढ़ाई जा रही है। इसके अलावा, कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए विभिन्न नकद पुरस्कारों की राशि में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी की गई है।
सभी उपस्थित सम्मानीय सदस्यों ने समिति की बैठक नियमित रूप से आयोजित करने, राजभाषा के प्रगामी प्रयोग के संबंध में उल्लेखनीय प्रगति प्राप्त करने, कम्प्यूटरों में यूनिकोड की सुविधा उपलब्ध कराने एवं स्थिति की नियमित अंतराल पर मॉनीटरिंग/समीक्षा करने के लिए वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री महोदय के कुशल एवं सक्षम नेतृत्व में विभाग की सक्रिय कार्यशीलता की प्रशंसा की। उनका मानना था कि श्री ज्योतिरादित्य सिंधिया जी में उन्होंने ऐसा एकमात्र व्यक्ति पाया है जो स्वयं व्यक्तिगत रूप से हिंदी के प्रगामी प्रयोग के संबंध में रूचि लेते हैं और अधिकारियों को भी प्रेरित करते हैं। वे निश्चित रूप से सभी के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
सदस्यों ने अपने विभिन्न सुझाव देते हुए मंत्री जी से रिक्त हिंदी पदों पर शीघ्र भर्ती किए जाने, 10 जनवरी को विश्व हिंदी दिवस के रूप में मनाने और आगामी 9वें विश्व हिंदी सम्मेलन में मंत्रालय की ओर से प्रतिनिधिमंडल का स्वयं नेतृत्व करने का अनुरोध किया। कुछ सदस्यों का विचार था कि मंत्रालय द्वारा अपनी उपलब्धियों का उपयुक्त मंच पर प्रचार'प्रसार किया जाना चाहिए ताकि अन्य विभागों/संगठनों को भी प्रेरणा मिले। माननीय मंत्री जी ने सभी सदस्यों को बैठक में भाग लेने, सार्थक चर्चा और उपयोगी एवं रचनात्मक सुझाव देने के लिए हार्दिक धन्यवाद दिया और उनके सुझावों पर उपयुक्त रूप से अमल करने का आश्वासन दिया।
मीणा/क्वात्रा/चंद्रकला - 3468
(Release ID 16738)
विज्ञप्ति को कुर्तिदेव फोंट में परिवर्तित करने के लिए यहां क्लिक करें |
|